PTV BHARAT 28 JULY 2026 रायपुर : बदलते बस्तर का संदेश लेकर दिल्ली रवाना हुआ बस्तर का प्रतिनिधिमंडल – बस्तर की समृद्ध जनजातीय संस्कृति, सामाजिक परंपराओं और बदलते बस्तर की नई तस्वीर को राष्ट्रीय पटल पर प्रस्तुत करने के उद्देश्य से बस्तर के परगना मांझी, चालाकी, समाज प्रमुख, बस्तर पंडुम-2026 के प्रसिद्ध जनजातीय युवा कलाकार, जनजातीय समाज प्रतिनिधि तथा बस्तर के पद्मश्री सम्मान प्राप्तकर्ताओं सहित 164 व्यक्तियों का प्रतिनिधिमंडल आज दिल्ली के लिए रवाना हुआ। यह प्रतिनिधिमंडल राष्ट्रपति भवन में आयोजित कार्यक्रम में माननीय राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से 30 जुलाई 2026 को मुलाकात करेगा तथा बस्तर की गौरवशाली सांस्कृतिक विरासत, लोक परंपराओं और सामाजिक व्यवस्था से उन्हें अवगत कराएगा।
बस्तर के युवा संस्कृति, परंपराओं और प्रतिभा के बल पर देशभर में बना रहे नई पहचान
प्रतिनिधिमंडल के सदस्य राष्ट्रपति के समक्ष यह संदेश भी रखेंगे कि आज का बस्तर हिंसा और भय की पहचान से निकलकर शांति, विकास और विश्वास के नए दौर में प्रवेश कर चुका है। बस्तर के युवा अपनी संस्कृति, परंपराओं और प्रतिभा के बल पर देशभर में नई पहचान बना रहे हैं। वे राष्ट्रपति को बताएंगे कि शासन की विकासोन्मुखी पहल और सुरक्षा बलों के सतत प्रयासों से नक्सलवाद के खात्मे की दिशा में ऐतिहासिक सफलता मिली है, जिससे बस्तर में शिक्षा, पर्यटन, रोजगार और जनजीवन को नई गति मिली है।
बस्तर की नई पहचान शांति, विकास और लोकतांत्रिक भागीदारी
प्रतिनिधिमंडल राष्ट्रपति के प्रति बस्तरवासियों की ओर से आभार व्यक्त करते हुए संदेश देंगे कि अब बस्तर की पहचान केवल प्राकृतिक सौंदर्य और समृद्ध जनजातीय संस्कृति ही नहीं, बल्कि शांति, विकास, लोकतांत्रिक भागीदारी और नई उम्मीदों से भी जुड़ चुकी है। बस्तर के युवा पूरे देश को बताएंगे कि नया बस्तर अवसरों, आत्मविश्वास और प्रगति का बस्तर है।
राष्ट्रपति भवन तक पहुंचेगी बस्तर की लोकसंस्कृति, रीति-रिवाज और सामाजिक मूल्यों की गूंज
उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने दिल्ली रवाना हो रहे बस्तर के परगना मांझी, चालाकी, समाज प्रमुखों एवं युवा प्रतिनिधियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह प्रतिनिधिमंडल केवल बस्तर का नहीं, बल्कि पूरे छत्तीसगढ़ की समृद्ध जनजातीय संस्कृति, परंपराओं और गौरवशाली विरासत का प्रतिनिधित्व करेगा। उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति भवन तक बस्तर की लोकसंस्कृति, रीति-रिवाज और सामाजिक मूल्यों की गूंज पहुंचना पूरे प्रदेश के लिए गर्व का विषय है।
उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि आज का बस्तर बदल रहा है। कभी नक्सलवाद की छाया से पहचाना जाने वाला बस्तर अब शांति, विकास, शिक्षा, पर्यटन, खेल और सांस्कृतिक चेतना की नई पहचान बना रहा है। हमारे युवा देश की सर्वोच्च संवैधानिक संस्था तक पहुंचकर इस सकारात्मक परिवर्तन का संदेश देंगे। उन्होंने कहा कि प्रतिनिधिमंडल माननीय राष्ट्रपति के समक्ष बस्तरवासियों की ओर से नक्सलवाद के विरुद्ध निर्णायक लड़ाई में मिले सहयोग और देश के नेतृत्व के प्रति आभार भी व्यक्त करेगा। यह यात्रा देश को यह संदेश देगी कि बस्तर अब भय का नहीं, बल्कि विश्वास, विकास, संस्कृति और नए अवसरों का बस्तर है।

