PTV BHARAT 19 SEPTEMBER – रायपुर : सेवा संकल्प अभियान में विद्यार्थियों ने रचनात्मकता से गढ़ा ‘मेरे सपनों का भारत’
सेवा, जागरूकता और जनभागीदारी का संदेश विद्यार्थियों तक पहुंचाने के उद्देश्य से संचालित ‘सेवा संकल्प अभियान’ के तहत बलरामपुर जिले के विद्यालयों में ‘मेरे सपनों का भारत’ विषय पर रचनात्मक एवं शैक्षणिक गतिविधियां आयोजित की गईं। विकासखंड वाड्रफनगर के 52 संकुलों के लगभग 450 विद्यालयों में हुए कार्यक्रमों में 32 हजार 706 विद्यार्थियों ने भाग लिया। शंकरगढ़ और राजपुर में भी भाषण, चित्रकला प्रदर्शनी सहित विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से विद्यार्थियों ने विकसित भारत की कल्पना प्रस्तुत की।
वाड्रफनगर में भाषण, चित्रकला, मेंहदी, वाद-विवाद और कबड्डी प्रतियोगिताएं हुईं। विद्यार्थियों ने सशक्त, समृद्ध, शिक्षित और आत्मनिर्भर भारत पर विचार रखे तथा चित्रों और मेंहदी के माध्यम से रचनात्मकता दिखाई। कबड्डी में उन्होंने अनुशासन, टीम भावना और खेल भावना का परिचय दिया।
फुलीडूमर में चित्रों में साकार हुई विकसित भारत की कल्पना
संकुल केंद्र फुलीडूमर स्थित शासकीय उच्चतर माध्यमिक शाला में चित्रकला प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने स्वच्छ, शिक्षित, समृद्ध, आत्मनिर्भर और विकसित भारत की परिकल्पना रंगों के माध्यम से प्रस्तुत की। इससे उन्हें अपने विचार और सपने रचनात्मक ढंग से व्यक्त करने का अवसर मिला।
शंकरगढ़ एवं राजपुर में भाषण और चित्रकला से व्यक्त किए विचार
विकासखंड शंकरगढ़ के शासकीय हाई स्कूल और हायर सेकेण्डरी विद्यालयों में भाषण प्रतियोगिता तथा चित्रकला प्रदर्शनी आयोजित हुई। विद्यार्थियों ने राष्ट्र निर्माण में अपनी भूमिका और विकसित भारत पर विचार साझा किए। शाला प्रबंध समिति के अध्यक्ष-सदस्यों, जनपद सदस्यों, स्थानीय जनप्रतिनिधियों और अभिभावकों ने उनका उत्साहवर्धन किया। सेजेस राजपुर की चित्रकला प्रदर्शनी में विद्यार्थियों ने कैनवास पर अपने संदेश उकेरे।
न्योता भोज से दिया सामाजिक समरसता का संदेश
वाड्रफनगर के विद्यालयों में गतिविधियों के साथ न्योता भोज आयोजित किया गया। विद्यार्थियों ने एक साथ पौष्टिक भोजन किया। इस पहल से सामाजिक समरसता, आपसी सौहार्द और सहभोज की भावना का संदेश दिया गया। शिक्षकों और स्वयंसेवकों ने भोजन वितरण में स्वच्छता व अनुशासन का ध्यान रखा। अभियान की गतिविधियों ने विद्यार्थियों को प्रतियोगिता के साथ विचार व्यक्त करने, रचनात्मकता दिखाने और राष्ट्र निर्माण की कल्पना साझा करने का मंच दिया। व्यापक सहभागिता से सेवा, जागरूकता, रचनात्मकता और जनभागीदारी के माध्यम से विकसित भारत का संदेश नई पीढ़ी तक पहुंचा।
कार्यक्रमों में जिला शिक्षा अधिकारी, विकासखण्ड शिक्षा अधिकारी, प्राचार्य, सहित शिक्षक-शिक्षिकाएं, जनप्रतिनिधि, अभिभावक और विद्यार्थी उपस्थित रहे।

