PTV BHARAT 06 AUGUST 2026 – बलौदाबाजार : खेती में तकनीक का उपयोग, ड्रोन से खरपतवार नाशक का छिड़काव कर 40 हेक्टेयर में बचाया समय और श्रम – जिले के किसान अब खेती में आधुनिक तकनीक का उपयोग कर स्मार्ट खेती की ओर तेजी से बढ़ रहे हैं। इसी क्रम में विकासखंड भाटापारा के ग्राम पाटन, धौरभठा और खोलवा के किसानों ने ड्रोन के माध्यम से लगभग 40 हेक्टेयर क्षेत्र में खरपतवार नाशक का छिड़काव कर खेती में तकनीक के सफल उपयोग का उदाहरण प्रस्तुत किया है।
पारंपरिक तरीके से इस रकबे में छिड़काव करने में 10 से 15 दिन का समय लगता था, जबकि ड्रोन की सहायता से यह पूरा कार्य कुछ ही घंटों में पूरा हो गया। इससे किसानों के समय, श्रम और लागत तीनों में उल्लेखनीय बचत हुई। ग्राम धौरभठा के किसान आलोक जायसवाल और ग्राम खोलवा के कृषक गुड्डू चांडक ने बताया कि पहले 2 से 3 एकड़ क्षेत्र में छिड़काव के लिए दो मजदूरों को पूरा दिन लग जाता था, जबकि अब ड्रोन से 40 हेक्टेयर क्षेत्र में एक ही दिन में छिड़काव पूरा हो गया। पानी की खपत भी कम हुई और पीठ पर दवा की टंकी ढोने की परेशानी से भी राहत मिली।
कृषि विभाग और स्थानीय कृषि तकनीक सेवा प्रदाता के सहयोग से ड्रोन के माध्यम से निर्धारित ऊंचाई से समान रूप से खरपतवार नाशक का छिड़काव किया गया। इससे दवा की बर्बादी कम हुई और फसल पर उसका प्रभाव भी बेहतर रहा। मैनुअल छिड़काव की तुलना में लगभग 80 प्रतिशत समय की बचत हुई। साथ ही मजदूरी और दवा की लागत कम होने के साथ खरपतवार नियंत्रण भी अधिक प्रभावी रहा।
जिला प्रशासन द्वारा सहकारी समितियों के माध्यम से किसानों को ड्रोन उपलब्ध कराए जा रहे हैं, जिनमें ईफको कंपनी के चार ड्रोन भी शामिल हैं। कृषि विभाग के अधिकारियों ने बताया कि इस व्यवस्था से अब छोटे किसानों को भी कम दर पर ड्रोन सेवा उपलब्ध हो रही है। भाटापारा क्षेत्र में धान और दलहन की फसलों में खरपतवार नियंत्रण के लिए यह तकनीक तेजी से लोकप्रिय हो रही है। पाटन, धौरभठा और खोलवा के किसान इस प्रयोग से संतुष्ट हैं और आगामी सीजन में अधिक क्षेत्र में ड्रोन से छिड़काव कराने की योजना बना रहे हैं।

