PTV BHARAT 3 AUGUST 2026 रायपुर : मलेरिया रोकथाम के लिए संवेदनशील वन क्षेत्रों में स्वास्थ्य विभाग की सघन निगरानी – वर्षा ऋतु में मलेरिया और अन्य वेक्टर जनित रोगों की रोकथाम के लिए स्वास्थ्य विभाग ने संवेदनशील वन क्षेत्रों में निगरानी और नियंत्रण गतिविधियां तेज कर दी हैं। राज्य स्तरीय अधिकारियों ने बिलासपुर जिले के कोटा विकासखंड और मुंगेली जिले के लोरमी विकासखंड के दूरस्थ वन क्षेत्रों का निरीक्षण कर मलेरिया नियंत्रण व्यवस्था की समीक्षा की।
निरीक्षण के दौरान अचानकमार, कोटा और आसपास की वन बस्तियों में मलेरिया सर्विलांस, जांच और उपचार की उपलब्धता का आकलन किया गया। अधिकारियों ने निर्देश दिए कि सभी वन बस्तियों में शत-प्रतिशत सक्रिय मलेरिया सर्विलांस, परिवारों की लाइन लिस्टिंग, रैपिड डायग्नोस्टिक टेस्ट (RDT) किट और मलेरिया रोधी दवाओं की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। संदिग्ध मरीजों की तत्काल जांच और उपचार पर भी विशेष जोर दिया गया।
स्वास्थ्य विभाग ने जिला और विकासखंड स्तर की रैपिड रिस्पांस टीमों को 24 घंटे अलर्ट मोड पर रखने के निर्देश दिए हैं, ताकि किसी भी संभावित मलेरिया प्रकोप की सूचना मिलने पर 24 घंटे के भीतर आवश्यक कार्रवाई शुरू की जा सके।
विभाग ने स्पष्ट किया है कि वर्षा ऋतु के दौरान दूरस्थ वन क्षेत्रों सहित सभी संवेदनशील इलाकों में समय पर जांच, उपचार और स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना सर्वोच्च प्राथमिकता है। बुखार से पीड़ित बच्चों और गर्भवती महिलाओं की विशेष निगरानी के भी निर्देश दिए गए हैं।

