PTV BHARAT 26 OCTOBER 2026 बैंक ऑफ इंडिया एक राष्ट्रीयकृत बैंक है और देश के 5-6 बड़े बैंकों में शुमार है। देश-विदेश में 5300 से अधिक शाखाओं के साथ यह देश के अग्रणी बैंकों में शामिल है।छत्तीसगढ़ राज्य में बैंक की दास शाखाएं है और आगामी कुछ महीनों में 8-10 नई शाखाएं और खोली जाने वाली हैं। इसके बावजूद बैंक स्टाफ भर्ती में कंजूसी बरत रहा है। पिछले वित्त वर्ष (2024-25) में आवंटित 10 स्टाफ में से मात्र 5 तथा 2025-26 में 20 में से केवल 10 स्टाफ ही बैंक में आए। इस प्रकार दो वर्षों में ही 15 स्टाफ का बैकलॉग हो गया है, जिसकी पूर्ति बैंक प्रबंधन को वेटिंग लिस्ट से करनी चाहिए, परंतु अभी तक नहीं की गई है।कई दूरस्थ शाखाओं में सुरक्षा गार्ड की व्यवस्था नहीं है। लगभग 40 शाखाओं में नियमित चपरासी (peon) नहीं है और कैश हैंडलिंग तथा संवेदनशील दस्तावेजों को संभालने की जवाबदेही दैनिक अस्थायी वेतनभोगी कर्मचारियों पर है, जो अत्यंत गंभीर बात है और उचित भी नहीं है।बैंकों में लगातार स्टाफ कम होते रहने से बेहतर ग्राहक सेवा देना संभव नहीं हो पाता और स्टाफ पर भी काम का जबरदस्त दबाव बन रहा है। स्टाफ भर्ती न किए जाने के विरोध में कर्मचारी यूनियन की अखिल भारतीय संस्था द्वारा भी कार्यक्रम बनाए जाते हैं और राज्य स्तर पर भी निर्णय लिया जाता है।इसी क्रम में छत्तीसगढ़ में बैंक ऑफ इंडिया एम्प्लाईज यूनियन द्वारा 19 अक्टूबर से प्रोटेस्ट कार्यक्रम शुरू किया गया है, जो प्रत्येक सोमवार से बुधवार तक किया जाता है। इस दौरान पूरे राज्य की 70 शाखाओं के 255 स्टाफ काली टोपी, बैज और काला रिबन धारण करते हैं तथा प्रत्येक बुधवार को रायपुर, भिलाई और बिलासपुर में शाम को बैंक शाखा के सामने नारेबाजी की जाती है। आगामी 28 अक्टूबर को सभी स्टाफ काले कपड़े पहनकर अपना विरोध दर्ज करेंगे। यह विरोध प्रदर्शन लगातार जारी रहेगा।
बैंक ऑफ इंडिया एम्प्लाईज यूनियन छत्तीसगढ़ द्वारा स्टाफ भर्ती की मांग को लेकर प्रोटेस्ट प्रारंभ
