रायपुर : ‘बिहान’ से सुकमा की महिलाओं को मिली आत्मनिर्भरता की नई राह

PTV BHARAT 18 AUGUST 2026 – सुकमा : ‘बिहान’ से सुकमा की महिलाओं को मिली आत्मनिर्भरता की नई राह – छत्तीसगढ़ सरकार की ‘बिहान’ योजना स्व-सहायता समूहों के माध्यम से ग्रामीण महिलाओं को आजीविका के नए अवसर उपलब्ध करा रही है। सुकमा जिले के दूरस्थ वनांचल में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन ‘बिहान’ महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।

कलेक्टर अमित कुमार के निर्देशन और जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी मुकुंद ठाकुर के मार्गदर्शन में जनपद पंचायत कोंटा की 14 महिला स्व-सहायता समूहों को कुल 39.50 लाख रुपये का बैंक लिंकेज ऋण प्रदान किया गया है। यह ऋण महिलाओं को अपने छोटे व्यवसाय और आजीविका गतिविधियों को विस्तार देने के साथ आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनने का अवसर देगा।

छोटे कारोबार को मिलेगा बड़ा सहारा

ऋण राशि मिलने से महिला समूहों की सदस्यों में उत्साह और आत्मविश्वास बढ़ा है। महिलाएं इस राशि का उपयोग कृषि, पशुपालन, सिलाई तथा स्थानीय छोटे व्यवसायों को बढ़ाने में करेंगी। इससे आय के साधन मजबूत होंगे और परिवार की आवश्यकताओं को पूरा करने में उनकी आर्थिक भागीदारी बढ़ेगी।

बच्चों की पढ़ाई और परिवार के भविष्य को मिलेगी मजबूती

स्व-सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं का कहना है कि आजीविका के साधन मजबूत होने से वे बच्चों की पढ़ाई, घरेलू जरूरतों और परिवार के भविष्य में अधिक योगदान दे सकेंगी। ‘बिहान’ के माध्यम से महिलाएं बचत, समूह संचालन और बैंकिंग गतिविधियों से जुड़कर आर्थिक रूप से मजबूत हो रही हैं।

बैंकिंग और वित्तीय अनुशासन पर जोर

ऋण वितरण के दौरान प्रशासन और बैंक अधिकारियों ने महिलाओं से संवाद कर ऋण राशि का उपयोग आय बढ़ाने वाली गतिविधियों में करने की समझाइश दी। महिलाओं को समय पर ऋण की किश्त जमा करने, नियमित बचत करने और वित्तीय अनुशासन बनाए रखने की जानकारी भी दी गई। इससे उनकी बैंकिंग व्यवस्था में भागीदारी और आर्थिक आत्मविश्वास को मजबूती मिलने की उम्मीद है।

‘बिहान’ बन रहा बदलाव का माध्यम

सुकमा जैसे वनांचल जिले में ‘बिहान’ ग्रामीण महिलाओं को स्व-सहायता समूहों से जोड़कर बचत, बैंक लिंकेज, स्वरोजगार और आजीविका के अवसर उपलब्ध करा रहा है। महिलाएं अब आर्थिक गतिविधियों में सक्रिय भूमिका निभाते हुए समूह की सामूहिक शक्ति के जरिए आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ रही हैं।

प्रशासन और बैंक के समन्वय से बढ़ी महिलाओं की ताकत

इस पहल में जनपद पंचायत कोंटा के विकास विस्तार अधिकारी गोपाल नेताम, छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण बैंक कोंटा के शाखा प्रबंधक रामाकृष्णा, प्रभारी बीपीएम अरविंद कुमार, संकुल समन्वयक रुकमणी कर्मा और आरती बघेल उपस्थित रहीं।

सुकमा की इन महिलाओं की पहल यह दर्शाती है कि सरकारी योजना, बैंकिंग सहयोग और सही मार्गदर्शन के जरिए ग्रामीण महिलाएं अपनी आर्थिक स्थिति मजबूत करने के साथ परिवार और स्थानीय अर्थव्यवस्था में भी महत्वपूर्ण योगदान दे सकती हैं। ‘बिहान’ के माध्यम से वनांचल की महिलाओं को आत्मविश्वास और आत्मनिर्भरता की नई दिशा मिल रही है।

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