कोरिया : ’कलेक्टर ने नशा मुक्ति केंद्र का किया निरीक्षण, व्यवस्थाओं का लिया जायजा’

PTV BHARAT 15 JULY 2026 कोरिया : ’कलेक्टर ने नशा मुक्ति केंद्र का किया निरीक्षण, व्यवस्थाओं का लिया जायजा’ – कलेक्टर श्रीमती रोक्तिमा यादव ने गत मंगलवार को बैकुंठपुर स्थित समाज कल्याण विभाग द्वारा संचालित नशा मुक्ति केंद्र का निरीक्षण कर उपचार, परामर्श (काउंसलिंग) एवं पुनर्वास संबंधी व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने केंद्र में भर्ती मरीजों से चर्चा कर उन्हें उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं, उपचार, भोजन, दवाइयों एवं काउंसलिंग की जानकारी ली तथा उनकी समस्याएं भी सुनीं। निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने केंद्र के संचालक को भोजन, दवाइयों की उपलब्धता, सुरक्षा व्यवस्था तथा चिकित्सकीय सेवाओं की समीक्षा करते हुए सभी सुविधाएं गुणवत्तापूर्ण ढंग से उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।

कलेक्टर ने कहा कि नशा मुक्ति केंद्र केवल उपचार का स्थान नहीं, बल्कि नशे की लत से जूझ रहे लोगों को समाज की मुख्यधारा से जोड़ने का महत्वपूर्ण माध्यम है। इसलिए मरीजों के समग्र पुनर्वास और मानसिक स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान दिया जाना चाहिए।

’मरीजों को दिए नशा छोड़ने के आसान और प्रेरक सुझाव’

कलेक्टर श्रीमती रोक्तिमा यादव ने मरीजों से संवाद करते हुए कहा कि नशे से मुक्ति का पहला कदम सकारात्मक सोच व दृढ़ संकल्प है। उन्होंने कहा कि नशा केवल व्यक्ति ही नहीं, बल्कि पूरे परिवार और समाज को प्रभावित करता है। उन्होंने मरीजों को हमेशा व्यस्त रहने, अच्छी पुस्तकें पढ़ने, हास्य व धार्मिक आधारित फिल्में देखने, परिवार और बच्चों के साथ समय बिताने तथा रचनात्मक गतिविधियों जैसे पेंटिंग, सिलाई, योग एवं अन्य रुचिकर कार्यों में स्वयं को व्यस्त रखने की सलाह दी।

उन्होंने कहा कि किसी भी समस्या का समाधान नशा नहीं है और न ही उत्साह प्राप्त करने का माध्यम है। जीवन को नशे के दलदल में धकेलने के बजाय ऐसे कार्य करें, जो परिवार, मित्रों और समाज के लिए प्रेरणा बनें।

’काउंसलिंग, योग और फॉलोअप पर दिया विशेष जोर’

कलेक्टर ने नशा मुक्ति केंद्र के संचालक को निर्देशित किया कि मरीजों को सकारात्मक वातावरण के साथ नियमित काउंसलिंग, योग, व्यायाम, मेडिटेशन तथा बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जाएं, ताकि वे स्वस्थ एवं सामान्य जीवन की ओर लौट सकें। उन्होंने कहा कि मरीजों का उपचार और पुनर्वास केंद्र में प्रभावी ढंग से किया जाए तथा घर लौटने के बाद भी नियमित फॉलोअप काउंसलिंग सुनिश्चित की जाए, जिससे वे दोबारा नशे की ओर न लौटें।

’जीवन में संघर्ष ही सफलता का आधार’

मरीजों को प्रेरित करते हुए कलेक्टर श्रीमती रोक्तिमा यादव ने कहा कि कई लोग पारिवारिक समस्याओं, असफलता या अधूरे सपनों के कारण नशे का सहारा लेते हैं, जबकि अनेक लोग शारीरिक चुनौतियों के बावजूद अपने साहस और दृढ़ संकल्प से देश-दुनिया में पहचान बना रहे हैं। उन्होंने कहा कि कठिन परिस्थितियां जीवन का अंत नहीं, बल्कि नई शुरुआत का अवसर होती हैं।

निरीक्षण के दौरान नशा मुक्ति केंद्र के संचालक ने केंद्र के संचालन, उपलब्ध सुविधाओं एवं पुनर्वास गतिविधियों की जानकारी दी। इस अवसर पर समाज कल्याण विभाग के उप संचालक सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *