PTV BHARAT 6 JULY 2026 रायपुर : अबूझमाड़ के जंगलों में महकेगी कॉफी, बड़े पैमाने पर खेती की तैयारी – अबूझमाड़ के वन क्षेत्रों में ग्रामीण आजीविका बढ़ाने, पर्यावरण संरक्षण और किसानों की आय में वृद्धि के उद्देश्य से बड़े पैमाने पर कॉफी की खेती शुरू करने की तैयारी की जा रही है। जिला प्रशासन और कॉफी बोर्ड के विशेषज्ञों ने कुतुल, कच्चापाल, कोडलियार, ईरकभट्टी और तोके सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों का निरीक्षण किया।
विशेषज्ञ दल ने क्षेत्र की जलवायु, वर्षा, तापमान, मिट्टी और समुद्र तल से ऊंचाई का अध्ययन किया। प्रारंभिक आकलन में अबूझमाड़ का प्राकृतिक वातावरण कॉफी उत्पादन के लिए अनुकूल पाया गया है। क्षेत्र में कॉफी आधारित कृषि वानिकी मॉडल विकसित कर स्थानीय ग्रामीणों को रोजगार और स्थायी आय से जोड़ने की योजना है।
कॉफी के पौधों से लगभग चार वर्षों बाद व्यावसायिक उत्पादन शुरू होने की संभावना है। परियोजना में स्थानीय ग्रामीणों और महिला स्व-सहायता समूहों की भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी। प्रारंभिक चरण में भूमि चयन, पौधरोपण और स्थानीय स्तर पर नर्सरी स्थापित करने की प्रक्रिया शुरू की जा रही है।
कॉफी उत्पादन की तकनीकी जानकारी प्राप्त करने के लिए जिले के कृषि अधिकारियों और कर्मचारियों को ओडिशा के कोरापुट में प्रशिक्षण के लिए भेजा जाएगा। प्रशिक्षण के बाद अधिकारी स्थानीय किसानों को कॉफी उत्पादन और पौध प्रबंधन की तकनीकों की जानकारी देंगे।
विशेषज्ञों ने अबूझमाड़ क्षेत्र में भविष्य में चाय की खेती की संभावनाओं का भी उल्लेख किया है। जिला प्रशासन ने इसके लिए चरणबद्ध कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए हैं।

