PTV BHARAT 15 JULY 2026 बीजापुर : वन विभाग की पहल से आत्मसमर्पित नक्सलियों को मिला स्वरोजगार का सहारा – वन प्रबंधन समितियों के खातों में जमा लाभांश एवं चक्रीय निधि की राशि का उपयोग करते हुए वनमंडल बीजापुर ने आत्मसमर्पित नक्सलियों एवं वनांचल के ग्रामीणों को स्वरोजगार से जोड़ने की दिशा में एक उल्लेखनीय पहल की है। विभाग द्वारा कुल 17 लाख रुपये का ऋण उपलब्ध कराकर चार हितग्राहियों को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनने का अवसर प्रदान किया गया है।
इस योजना के अंतर्गत पामेड़ एवं आवापल्ली परिक्षेत्र के चार हितग्राहियों को स्वरोजगार स्थापित करने के लिए वित्तीय सहायता दी गई। इनमें तीन हितग्राहियों को किराना दुकान संचालन हेतु क्रमशः 2 लाख, 3 लाख एवं 2 लाख रुपये तथा एक हितग्राही को ट्रैक्टर, ट्रॉली एवं डोजर खरीदने के लिए 10 लाख रुपये का ऋण स्वीकृत किया गया।
लाभान्वित हितग्राहियों में श्री दिलीप बीराबोईन (कोतापल्ली समिति), श्री दिनेश कुमार कचलम (मुरदोंडा समिति), श्रीमती जोशिला भगत (कोतापल्ली समिति) तथा श्री नागुल सत्यनारायण (आवापल्ली समिति) शामिल हैं। इन सभी को उपलब्ध कराई गई वित्तीय सहायता से वे अपना स्वरोजगार स्थापित कर आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन सकेंगे।
वन विभाग का उद्देश्य केवल वन संरक्षण तक सीमित नहीं है, बल्कि वनांचल के लोगों के सामाजिक एवं आर्थिक उत्थान को भी बढ़ावा देना है। यह पहल विशेष रूप से आत्मसमर्पित नक्सलियों को सम्मानजनक आजीविका उपलब्ध कराकर उन्हें विकास की मुख्यधारा से जोड़ने, समाज में स्थायी पुनर्वास सुनिश्चित करने तथा क्षेत्र में शांति, विश्वास और समावेशी विकास को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। वनमंडल बीजापुर ने भविष्य में भी पात्र हितग्राहियों को विभिन्न आजीविका आधारित योजनाओं से जोड़कर उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के लिए निरंतर प्रयास जारी रखने की बात कही है। यह पहल वनांचल के ग्रामीणों और आत्मसमर्पित नक्सलियों के पुनर्वास एवं आर्थिक सशक्तिकरण का प्रेरणादायी उदाहरण बनकर उभरी है।

