कोरिया : स्थानीय राखियों की खरीद से महिला उद्यमिता को मिला संबल

PTV BHARAT 28 AUGUST 2026 – कोरिया : स्थानीय राखियों की खरीद से महिला उद्यमिता को मिला संबल – रक्षाबंधन के अवसर पर कोरिया जिले में महिला स्व-सहायता समूहों की मेहनत और स्थानीय उद्यमिता को प्रोत्साहन मिला। कलेक्टर रोक्तिमा यादव ने बैकुंठपुर बाजार पहुंचकर स्व-सहायता समूह की महिलाओं द्वारा तैयार की गई राखियां खरीदीं और स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देने का संदेश दिया।

धान से बनी राखियों की सराहना

कलेक्टर ने धान से तैयार आकर्षक राखियों की विशेष सराहना की। उन्होंने कहा कि स्थानीय उत्पादों को अपनाने से महिला स्व-सहायता समूहों को बेहतर बाजार मिलेगा और उनकी आर्थिक आत्मनिर्भरता को मजबूती मिलेगी।

उन्होंने समूह की महिलाओं से बातचीत कर उनके हुनर, नवाचार और मेहनत की सराहना की तथा विभिन्न डिजाइनों और पारंपरिक कला से सजी राखियों का अवलोकन किया।

स्थानीय उत्पाद खरीदना महिलाओं के हुनर का सम्मान

कलेक्टर ने कहा कि स्व-सहायता समूहों की महिलाएं अपने कौशल के जरिए परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत करने के साथ स्थानीय उत्पादों को भी नई पहचान दिला रही हैं। उनके अनुसार महिलाओं द्वारा तैयार राखियां महिला सशक्तिकरण, स्वदेशी सोच और स्थानीय उद्यमिता का प्रतीक हैं।

उन्होंने जिलेवासियों से रक्षाबंधन और अन्य त्योहारों पर स्थानीय कारीगरों तथा स्व-सहायता समूहों की महिलाओं द्वारा तैयार उत्पादों को प्राथमिकता देने की अपील की।

बढ़ती मांग से महिलाओं में उत्साह

समूह की महिलाओं ने बताया कि राखियां तैयार करने में स्थानीय सामग्री, धान और पारंपरिक हस्तशिल्प कला का इस्तेमाल किया गया है। रंग-बिरंगी और आकर्षक डिजाइनों वाली धान की राखियां लोगों को विशेष रूप से पसंद आ रही हैं।

रक्षाबंधन पर स्थानीय राखियों की बढ़ती मांग से महिलाओं को बेहतर आय की उम्मीद जगी है और उनके उत्साह में भी वृद्धि हुई है।

कलेक्टर की कलाई पर भी बांधी राखी

इस अवसर पर स्व-सहायता समूह की महिलाओं ने कलेक्टर रोक्तिमा यादव की कलाई पर राखी बांधकर उन्हें रक्षाबंधन की शुभकामनाएं दीं।

स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देने की यह पहल महिला स्व-सहायता समूहों के आर्थिक सशक्तिकरण, ग्रामीण उद्यमिता और ‘वोकल फॉर लोकल’ की भावना को मजबूत करने की दिशा में प्रेरक उदाहरण बनकर सामने आई।

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